फ़ीचर्ड

COVID -19 पॉजिटिव होने के बाद उपहास की वजह से काउंसलिंग लेनी पड़ी : कनिका कपूर

Published by
paschima

कनिका कपूर मार्च 2020 में COVID-19 के लिए सकारात्मक परीक्षण करने वाली पहली हस्तियों में से एक, कनिका कपूर को पिछले साल लोगों से बड़ी नफरत और प्रतिक्रिया मिली।
गायक कनिका कपूर ने मार्च 2020 में लंदन से लौटने के बाद COVID-19 के लिए सकारात्मक परीक्षण दिया था। कपूर को भारत में होने के तुरंत बाद एक हाई प्रोफाइल कार्यक्रम में देखा गया था। आइसोलेशन प्रोटोकॉल का पालन नहीं करने के लिए उनकी बहुत आलोचना की गई थी और उनकी लापरवाही के कारण कोरोनावायरस के होने और प्रसार करने का आरोप लगाया गया था।

Covid पॉजिटिव आने वाली पहली हस्तियों में से एक होने के नाते, कनिका कपूर और उनके परिवार को मीडिया और सोशल मीडिया से कड़ी निंदा झेलनी पड़ी।

गायिका अब वायरस के साथ अपने अनुभव के बारे में खुल गयीं हैं और कैसे जनता की प्रतिक्रिया ने उन पर एक प्रभाव डाला है। “यह मुझ पर इतना भारी था कि मैं यह भी भूल गयी थी की मैं बीमार हूँ।” कपूर ने कहा कि उन्हें मिली सारी नफरत उनके लिए चौंकाने वाली थी, और उन्हें बहुत सारे फैसले और घृणा से गुजरना पड़ा “कुछ ऐसे के लिए जो मेने वास्तव में नहीं किया था। मेरे लिए यह वास्तव में कठिन था। ”

सोशल मीडिया से ब्रेक ले लिया-

द इंडियन एक्सप्रेस के साथ हाल ही में एक इंटरव्यू में, कपूर ने इस बारे में भी बात की कि वह कुछ समय के लिए सोशल मीडिया से कैसे चली गयी थीं। क्योंकि उनके तरफ आने वाली नफरत बहुत अधिक थी। “मैंने सोशल मीडिया को कुछ समय के लिए बंद कर दिया क्योंकि मैं उसका सामना नहीं कर सकती थी,” उन्होंने कहा।

ऐसे समय में जहां हर कोई पूरी तरह से चिंतित था , कपूर और उसके परिवार को वायरस के साथ साथ जनता की नफरत से भी उबरना था। इस मुद्दे पर, उन्होंने खुलासा किया कि वह उस स्तिथि से निकलने के लिए काउंसलिंग से गुजरी। “मानसिक रूप से इससे बाहर आने में मुझे एक साल लग गया। मुझे काउंसलिंग लेनी पड़ी । यह आसान नहीं था, लेकिन निश्चित रूप से, जीवन आगे बढ़ता है, ”गायक ने कहा।

कपूर वायरस से संक्रमित होने के बाद भारत में सबसे ज्यादा गूगल किये जाने वाली हस्तियों में से एक थीं। एक समय पर, यहां तक ​​कि उनके बच्चों को भी जनता से मौत की धमकी मिली और उन्हें बताया गया कि उनका करियर खत्म हो गया है।

उसके खिलाफ पिछले साल कई FIR भी दर्ज की गई थीं। उन पर IPC धारा 269 (जीवन के लिए खतरनाक बीमारी के संक्रमण को फैलाने की लापरवाही से काम करने की संभावना), धारा 270 (जीवन के लिए खतरनाक बीमारी के संक्रमण फैलने की संभावना) के तहत आरोप लगाया गया था, और 188 (लोक सेवक द्वारा घोषित आदेश की अवज्ञा) वायरस से उबरने के बाद ।

कपूर ने अपने हाल ही के इंटरव्यू में खुलासा किया कि मानसिक रूप इस स्तिथि से बाहर निकलने में उन्हें एक साल लग गया। “यह आसान नहीं था, लेकिन निश्चित रूप से, जीवन आगे बढ़ता है।”

Recent Posts

क्यों सोसाइटी लड़कियों को कुछ बनने से पहले किसी को ढूंढने के लिए कहती है?

क्यों सोसाइटी लड़कियों से हमेशा सही जीवनसाथी ढूंढने की बात ही करती है? आज भी…

28 mins ago

अभिनेता जावेद हैदर की बेटी को फीस ना दे पाने के कारण हटाया गया ऑनलाइन क्लास से

अभिनेता जावेद हैदर की बेटी को उसके ऑनलाइन क्लास से हाल ही में हटाया गया…

1 hour ago

मीरा राजपूत के पोस्टर को मॉल में लगा देख गौरवान्वित हो गए उनके पेरेंट्स

पोस्ट के ज़रिये जो पिक्चर उन्होंने शेयर की है वो उनके पेरेंट्स की है जो…

3 hours ago

सोशल मीडिया ने फिर से दिखाया जलवा, अमृतसर जूस आंटी को मिली मदद

वासन की कांता प्रसाद और बादामी देवी की वायरल कहानी ने पिछले साल मालवीय नगर…

3 hours ago

कोरोना की वैक्सीन लगवाने के बाद क्या नहीं करना चाहिए?

वैक्सीन लगने के तुरंत बाद काम पर जाने से बचें अगर आपको ठीक लग रहा…

3 hours ago

दिल्ली: नाबालिक से यौन उत्पीड़न के केस में 27 वर्षीय अपराधी हुआ गिरफ्तार

नाबालिक से यौन उत्पीड़न केस: उत्तर-पश्चिमी दिल्ली के शालीमार बाग़ एरिया से एक 27 वर्षीय…

3 hours ago

This website uses cookies.