न्यूज़

IPS अधिकारी D Roopa कर्नाटक की पहली महिला होम सेक्रेटरी बनीं

Published by
Mahima

कर्नाटक की पहली महिला IPS अधिकारी डी रूपा मौदगिल (roopa ips) को कर्नाटक सरकार के होम सेक्रेटरी के रूप में नियुक्त किया गया है।  यह उपलब्धि हासिल करने वाली पहली महिला अधिकारी बनीं। डी रूपा 2000 बैच की आईपीएस अधिकारी हैं, जो फिलहाल में इंस्पेक्टर जनरल ऑफ़ पुलिस (IGP), रेलवे, बेंगलुरु के पद पर हैं। वह जल्द ही राज्य में होम सेक्रेटरी के रूप में 1995 बैच के आईपीएस अधिकारी उमेश कुमार की जगह लेंगी।

रूपा ( roopa ips) ने हमेशा माना है कि वह पहले एक अधिकारी हैं और फिर एक महिला हैं।

ट्विटर पर खबर को बताते हुए, डी रूपा ने अपने फोल्लोवेर्स के साथ शेयर किया और लिखा: “मैंने होम सेक्रेटरी, कर्नाटक सरकार के रूप में कार्यभार संभाला है। मुझे पता चला कि मैं उस पद की पहली महिला हूं। आप सबकी शुभकामनाओं के लिए धन्यवाद। ”

और पढ़िए: अपर्णा कुमार सातों समिट्स को फतह करने वाली पहली आईपीएस अधिकारी बनी

इम्पोर्टेन्ट पॉइंट्स :

  • डी रूपा मौदगिल, कर्नाटक की पहली महिला IPS अधिकारी, जिन्हें कर्नाटक सरकार में होम सेक्रेटरी के रूप में नियुक्त किया गया।
  • रूपा तब हेडलाइंस में आयी जब उन्होंने 2017 में AIADMK चीफ शशिकला के वीआईपी ट्रीटमेंट से संबंधित बेंगलुरु की केंद्रीय जेल में पक्षपात का पर्दाफाश किया
  • 20 वर्षों में 41 बार ट्रांसफर होकर रूपा ने हमेशा माना है कि वह पहले एक अधिकारी हैं और फिर एक महिला हैं।

डी रूपा राजनेताओं और वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों से जुड़े मामलों को लेने के लिए सबसे ज्यादा जानी जाती हैं। 2017 में, उन्हें कर्नाटक सरकार द्वारा राष्ट्रपति पदक से सम्मानित किया गया था। उन्हें ये पदक बेंगलुरु में केंद्रीय जेल में इर्रेगुलरिटीज़ को उजागर करने के साहसपूर्ण काम के लिए सम्मानित किया गया था। अधिकारी ने उस समय सुर्खियां बटोरीं, जब उन्होंने 2017 में AIADMK चीफ शशिकला के वीआईपी ट्रीटमेंट से संबंधित बेंगलुरु की केंद्रीय जेल में पक्षपात का पर्दाफाश किया। रूपा ने आरोप लगाया था कि दिवंगत तमिलनाडु की सीएम जयललिता की सहयोगी शशिकला को जेल में विशेष उपचार मिला था।

“जब हम IPS ट्रेनिंग के लिए राष्ट्रीय पुलिस अकादमी में शामिल हुए, तो हमें बताया गया कि हम पहले अधिकारी हैं और फिर महिलाएँ,” रूपा ने SheThePeople को बताया ।

उन्होंने निडर होकर जेल की शोभा को बनाए रखने की दिशा में काम किया और इसके कारण उनका 20 वर्षों की सेवा में 41 से अधिक बार तबादला हुआ, लेकिन उन्होंने लगातार लड़ाई लड़ी और जनता का दिल जीता ।

और पढ़िए : महिलाओं को अपनी असली क्षमता हासिल कर समानता के लिए लड़ना चाहिए : आईपीएस विनीता एस

Recent Posts

ओलंपिक मैडल विजेता मीराबाई चानू पर बायोपिक बनने की हुई घोषणा

लंपिक सिल्वर मैडल विजेता वेटलिफ्टर सैखोम मीराबाई चानू की बायोपिक की घोषणा हाल ही में…

16 mins ago

ऐश्वर्या राय की हमशक्ल ने सोशल मीडिया पर मचाया तहलका, जानिए कौन है ये लड़की

आशिता सिंह राठौर जो हूँबहू ऐश्वर्या राय की तरह दिखती है ,इंटेरटनेट पर खूब वायरल…

4 hours ago

आंध्र प्रदेश सरकार 30 लाख रुपये की नगद राशि के इनाम से पीवी सिंधु को करेगी सम्मानित

शटलर पीवी सिंधु को टोक्यो ओलंपिक में ब्रॉन्ज़ मैडल जीतने पर आंध्र प्रदेश सरकार देगी…

5 hours ago

Justice For Delhi Cantt Girl : जानिये मामले से जुड़ी ये 10 बातें

रविवार को दिल्ली कैंट एरिया के नांगल गांव में एक नौ वर्षीय लड़की का बलात्कार…

6 hours ago

ट्विटर पर हैशटैग Justice For Delhi Cantt Girl क्यों ट्रैंड कर रहा है ? जानिये क्या है पूरा मामला

दक्षिण-पश्चिम दिल्ली में दिल्ली कैंट के पास श्मशान के एक पुजारी और तीन पुरुष कर्मचारियों…

6 hours ago

दिल्ली: 9 साल की बच्ची के साथ बलात्कार, हत्या, जबरन किया गया अंतिम संस्कार

दिल्ली में एक नौ वर्षीय लड़की का बलात्कार किया गया, उसकी हत्या कर दी गई…

7 hours ago

This website uses cookies.