ब्लॉग

साइबर अपराध और फेक न्यूज़ को रिपोर्ट करना प्रत्येक नागरिक की ज़िम्मेवारी

Published by
Farah

ऑनलाइन सेफ्टी समिट के तीसरे पैनल चर्चा के दौरान बात की गई कि किस तरह से मीडिया फेक न्यूज़ के इस दौर में ऑनलाइन सुरक्षा का प्रचार करने में मदद कर सकता है. शैली चोपड़ा ने रेडियो प्राडयूसर और होस्ट ऋषिकेश कानन , बूम के जेसी जैकब और रेडियो होस्ट रोहिणी रामनाथन से इस बारे में बातचीत की और उन्होंने इस पर अपने सुझाव और विचार साझा किए.

तथ्य की जांच करना

चोपड़ा ने यह कहते हुए बातचीत शुरू की कि हर कोई बगैर सोचे समझें खबरों को आगे बढ़ा रहा है और यह भी नही सोच रहा है कि वह सही है या नही.  हम खुशी से फारवर्ड बटन दबाते हैं. उन्होंने ऋषिकेश कन्नन से पूछा कि क्या हमें इसमें फेक्ट चैकरों से चूक हुई है?

जवाब में, उन्होंने कहा, “ऑनलाइन दुनिया के साथ, जिस तरह से यह विस्तार कर रहा है, उसने एक राक्षसी रूप ले लिया है. मीडिया नीतियां नहीं बनाता है. मीडिया की ज़िम्मेदारी सही जानकारी देने की कोशिश करना है. हां, यह पुरानी स्कूल पत्रकारिता है लेकिन यह पत्रकार का एकमात्र बड़ा कर्तव्य है. ”

मीडिया नीतियां नहीं बनाता है – ऋषिकेश कानन

उन्होंने आगे कहा, “हम सही निर्णय लेने के लिए दर्शकों को कैसे शिक्षित कर सकते हैं? हम, मीडिया कर्मी के तौर पर ऐसा करने में असफल रहे हैं.”

इसके अलावा, कन्नन ने कहा कि मीडिया का मौलिक कर्तव्य है, वॉचडॉग के कर्तव्य से परे, सही जानकारी देना है.

फेक़ न्यूज़

जेन्सी जैकब ने कहा, “फेक न्यूज़ एक कठोर वास्तविकता बन रही है. सभी प्रयासों के बावजूद हम अपनी कहानियों को तथ्यात्मक रखने, डेटा वापस लाने, मूल स्रोत पर वापस जाने,  एक पत्रकार के तौर पर जो हमेशा किया जाना चाहिए, हम इसे करने में बुरी तरह विफल रहे हैं. हम ऐसी दुनिया में रह रहे हैं जहां लोगों ने पहले ही फैसला कर लिया है कि वे क्या विश्वास करना चाहते हैं. स्रोतों की जांच करने और जांचने के लिए कोई प्रयास नहीं किया जा रहा है.

” हम ऐसी दुनिया में रह रहे हैं जहां लोगों ने पहले ही फैसला कर लिया है कि वे क्या विश्वास करना चाहते हैं. स्रोतों की जांच करने और जांचने के लिए कोई प्रयास नहीं किया जा रहा है ” – जेन्सी जैकब

वायरल न्यूज़

आज समाचार दिखाने वाले चैनल भी वायरल हेडलाइंस की लालसा रखते  हैं. शैली चोपड़ा ने रोहिणी रामनाथन से पूछा कि उन्हें लगता है कि समस्या प्लेटफ़ॉर्म के साथ है या क्या हम निर्णय लेने के लिए उपभोक्ताओं पर बहुत अधिक ध्यान दे रहे हैं?

रामनाथन ने जवाब दिया, “खेल में आगे बढ़ने का दबाव हमें कंपायलर्स में बदल रहा बजाय सूचनार्थियों के. पिछले कुछ सालों में मैंने देखा है कि मीडिया वास्तव में आकर्षक खबरों से कैसे चल रहा है लेकिन जो तथ्यात्मक नही है. मेरे शो के लिए, मुझे एक बहुत ही प्रसिद्ध सेलिब्रिटी तक पहुंचना था, जिसके बारे में अफवाह थी कि उनकी मौत हो गई है.  और जब मैंने उन्हें फोन किया तो उन्होंने फोन उठाया. इस तरह से फेक न्यूज़ फैलती है. कोई भी क्रॉस-चेकिंग नहीं है. मुझे लगता है कि पत्रकारों और संपादकों के रूप में यह हमारी जिम्मेदारी है. व्हाट्सएप समाचार के लिए भी, हमें पहले स्रोत की जांच करनी चाहियें और फिर आगे बढ़ना चाहियें. ”

नकली खबर से बचने के लिए टिप्स

रामनाथन ने कहा, “हर किसी के पास आज मोबाइल है, लेकिन यह भी नकारात्मक है, क्योंकि कोई भी फेक न्यूज़ फैला सकता है. भारत जैसे देश में, हम वास्तव में निकटतम प्रामाणिक फेक न्यूज़ के लिये आम लोगों को दोष नहीं दे सकते.”

तथ्य जांचने की जिम्मेदारी मीडिया की है – रोहिनी रामनाथन

जैकब ने कहा, “सबसे पहले व्हाट्सएप आपका समाचार माध्यम नहीं है. कारण मुझे लगता है कि लोग सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म पर भरोसा करते हैं कि उन्हें विश्वास है कि मीडिया पूरी कहानी दर्शकों के साथ साझा नही करेगा. जिस क्षण आप एक खबर पर संदेह करते हैं तो, पहले कुछ पंक्तियों को देखें और जांचें, फेसबुक में जा कर या गूगल पर खोजें. अगर वह ग़लत होगी तो कुछ संकेत आपको मिल जायेंगा.”

कन्नन ने बताया, “हर सरकारी विभाग में अब एक प्रवक्ता है. तो यदि समाचार की वास्तविक जांचनी हो तो उसके लिये मूल में जाना चाहिये. नागरिक के रूप में साइबर अपराध और नकली खबरों की रिपोर्ट करना महत्वपूर्ण है. हाल ही में, एक साइबर पोर्टल लॉन्च किया गया है जहां आप अपनी शिकायतें अपलोड कर सकते हैं. “

Recent Posts

गौहर खान का खुलासा, पति ज़ैद दरबार नहीं करते शादी अगर नहीं मानती उनकी ये विश

एक्ट्रेस गौहर खान ने खुलासा किया कि पति जैद दरबार उनकी एक विश पूरी ना…

15 mins ago

कौन है अशनूर कौर ? इस एक्ट्रेस ने लाए 12वी में 94%

अशनूर कौर एक भारतीय एक्ट्रेस और इन्फ्लुएंसर हैं जिनका जन्म 3 मई 2004 में हुआ…

57 mins ago

कमलप्रीत कौर कौन हैं? टोक्यो ओलंपिक के फाइनल में पहुंची ये भारतीय डिस्कस थ्रोअर

वह युनाइटेड स्टेट्स वेलेरिया ऑलमैन के एथलीट के साथ फाइनल में प्रवेश पाने वाली दो…

2 hours ago

टोक्यो ओलंपिक 2020: भारतीय डिस्कस थ्रोअर कमलप्रीत कौर फ़ाइनल में पहुंची

भारत टोक्यो ओलंपिक में डिस्कस थ्रोअर कमलप्रीत कौर की बदौलत आज फाइनल में पहुचा है।…

3 hours ago

This website uses cookies.