Delta Variant ICMR Study : आपको वैक्सीन लगी हो या नहीं डेल्टा वैरिएंट आपको इन्फेक्ट कर सकता है

Delta Variant ICMR Study : आपको वैक्सीन लगी हो या नहीं डेल्टा वैरिएंट आपको इन्फेक्ट कर सकता है Delta Variant ICMR Study : आपको वैक्सीन लगी हो या नहीं डेल्टा वैरिएंट आपको इन्फेक्ट कर सकता है

SheThePeople Team

19 Aug 2021

इंडिया में फ़िलहाल सबसे बड़ा खतरा कोरोना का डेल्टा वैरिएंट बना हुआ है। इंडियन कॉउंसिल ऑफ़ मेडिकल रिसर्च की एक स्टडी के मुताबित आपको वैक्सीन लगी हो या नहीं आप डेल्टा वैरिएंट से इन्फेक्ट दोनों ही केसेस में हो सकते हो। लेकिन अगर आपको वैक्सीन लगी तो आप थोड़े कम बीमार होंगे। सेकंड वेव को भी इतना ज्यादा सीरियस करने वाला डेल्टा वैरिएंट ही था।

जिस स्पीड में हमें वैक्सीन लग रही हैं उसे और तेज करने की जरुरत है ताकि हमें और किसी कोरोना लहर का सामना न करना पड़े। इंडिया में ऐसा नहीं है कि सिर्फ डेल्टा वैरिएंट ही है हमारे आस पास और भी वैरिएंट बने हैं लेकिन वो इतने ज्यादा खतरनाक नहीं हैं।

कोरोना वैक्सीन डेल्टा स्ट्रेन पर कितनी असरदार हैं ?


एक वैक्सीन के सिंगल डोज़ से तो इसके खिलाफ बहुत कम प्रोटेक्शन ही होता है। दूसरे डोज़ से इतना प्रोटेक्शन हो सकता है कि आप सीरियस नहीं होंगे। हमें ये याद रखने की जरुरत है कि कोरोना की वैक्सीन हमें पूरी तरीके से बीमारी से नहीं बचती है बस बीमारी को गंभीर होने से बचाती है।

Pfizer वैक्सीन का पहला डोज़ कोरोना के खिलाफ 33 % इफेक्टिव है और दूसरा डोज़ 88 % इफेक्टिव। इसके बाद AstraZeneca वैक्सीन पहले डोज़ के बाद 33 % और दूसरे के बाद 60 % तक इफेक्टिव है।

अभी फिल्हाल जो वैक्सीन इंडिया में इस्तेमाल की जा रही है उनके खिलाफ भी ये इसी तरीके से असरदार होगा। वैक्सीन और डेल्टा प्लस वैरिएंट को लेकर अभी सब जगह स्टडीज चल रही हैं।

डेल्टा के ऊपर वैक्सीन का असर भी कम होता है। एक वैक्सीन के सिंगल डोज़ से तो इसके खिलाफ बहुत कम प्रोटेक्शन ही होता है। दूसरे डोज़ से इतना प्रोटेक्शन हो सकता है कि आप सीरियस नहीं होंगे। हमें ये याद रखने की जरुरत है कि कोरोना की वैक्सीन हमें पूरी तरीके से बीमारी से नहीं बचती है बस बीमारी को गंभीर होने से बचाती है।

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