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क्यों ज़रूरी है सेक्स एजुकेशन ? जानिए ये 5 बातें

Published by
Mahima

अक्सर आप अपने घरों में राजनीति, सिनेमा, करियर और एजुकेशन जैसे मुद्दों पर तो बात करते हैं पर जिस भी दिन आपका बच्चा सेक्स शब्द का इस्तेमाल करता है, आप उसे आँखें दिखाने लगते हैं जैसे उसने कोई जुर्म कर दिया हो। पर क्या आपको नहीं लगता कि बच्चों की सेक्स को लेकर जिज्ञासा जायज़ है ? सेक्स एजुकेशन न होने के कारण हमारा यूथ अक्सर कंसेंट के कांसेप्ट को नहीं समझ पाता जिससे अक्सर उनके रिश्तों के साथ साथ उनका भविष्य भी ख़राब हो जाता है। लड़कों और लड़कियों दोनों को अपने शरीर को जान्ने का पूरा हक़ है। अगर ऐसा न हो तो वो दूसरे के शरीर और भावनाओं का सम्मान कैसे करेंगे ? लेकिन क्या आपके पता है क्यों ज़रूरी है सेक्स एजुकेशन ? आइये जानते है इसके बारे में 5 बातें

क्यों ज़रूरी है सेक्स एजुकेशन?  जानिए ये 5 बातें

1 सेक्स एजुकेशन सेक्स को बढ़ावा नहीं देता बल्कि सेक्स के कई मायने समझाता है

कई पेरेंट्स को लगता है की सेक्स एजुकेशन की वजह से उनके बच्चे बिगड़ जाएंगे और सेक्स करने लगेंगे। नहीं, ऐसा बिलकुल भी नहीं होता , सेक्स एजुकेशन सेक्स को बढ़ावा नहीं देता। उसके अंदर सेक्स के अलावा भी कई ऐसी बातें होती है जो आपके बच्चे के ग्रोथ के लिए अच्छी हैं जैसे गुड टच और बैड टच।

2 सेक्स के बारे में सही जानकारी

क्या आपको लगता है की अगर आप उनसे सेक्स के बारे में जानकारी नहीं देंगे तो उन्हें कभी उसके बारे में नहीं पता चलेगा ? या वो कभी सेक्स नहीं करेंगे ? अगर आप ये सोचते हैं तो आप बिलकुल गलत हैं । आपका बच्चा एक ऐज में आकर खुद ही नेट से किसी भी वेबसाइट से सेक्स के बारे में ज्ञान निकाल सकता है। क्या आप चाहते हैं की आपके बच्चे को इसके बारे में गलत ज्ञान मिले ? नहीं ना , इसलिए सेक्स एजुकेशन से आपके बच्चे को सही ज्ञान मिलेगा।

3 उन्हें सेक्स करने की गंभीरता (seriousness) समझ आएगी

सेक्स एजुकेशन के बाद आपके बच्चो को सेक्स करने की गंभीरता के बारे में पता चलेगा। इसकी एक बेनिफिट ये होगा कि आपके बच्चे कभी भी किसी को ये करने के लिए न तो फ़ोर्स कर पाएंगे और ना ही कोई उन्हें फ़ोर्स कर पाएगा।

4 STD का खतरा कम हो जायेगा

अगर कभी आपका बच्चा सेक्स करता भी है तो सेक्स एजुकेशन होने के बाद उसमे STD का खतरा कम हो जायेगा। आपको जान कर हैरानी होगी कि 2015 – 2016 national family health survey के अनुसार 15 से 19 saal कि 7.8% महिलाएं या तो प्रेग्नेंट हैं या माँ बन चुकी हैं। इसके अलावा यह रिपोर्ट ये भी कहती है कि इंडिया में हर saal 6% एडल्ट पापुलेशन को sexually transmitted diseases होती है। ऐसा इसलिए है क्योंकि भारत में कंट्रासेप्शन और सेफ सेक्स के बारें में जानकारी हासिल करना मुश्किल है।

5 नहीं का मतलब नहीं होता है

जब  आपके बच्चो को सेक्स के बारे में ज्ञान हो जायेगा तो बहुत चान्सेस है की वो किसी गलत इंसान के साथ कोई स्टेप नहीं लेंगे। आपके बच्चे में सेक्स एजुकेशन के बाद इतना ज्ञान हो जायेगा कि सेक्स का हेल्थ पर क्या असर हो सकता है। इसकी वजह से वो जल्दी किसी को भी सेक्स के लिए हाँ नहीं करेंगे।

इस आर्टिकल में हमने जाना कि क्यों ज़रूरी है सेक्स एजुकेशन ।

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