Benefits of Surya-Namaskar :क्या आप भी रोज़ाना सूर्य-नमस्कार करते हैं ? जानिए इसके 5 फायदे

Benefits of Surya-Namaskar :क्या आप भी रोज़ाना सूर्य-नमस्कार करते हैं ? जानिए इसके 5 फायदे Benefits of Surya-Namaskar :क्या आप भी रोज़ाना सूर्य-नमस्कार करते हैं ? जानिए इसके 5 फायदे

SheThePeople Team

21 Aug 2021


Benefits of Surya-Namaskar - योग की दुनिया में सबसे पहले सूर्य-नमस्कार की बात ही आती है। हर बच्चा-बूढ़ा इस शब्द से और योग से बखूबी वाकिफ होता है। सूर्य नमस्कार योगासनों में पहले नंबर पर है।ये अकेली ऐसी व्यायाम प्रणाली है जिससे इंसान के पुरे शरीर की कसरत हो जाती है ।इस योगासन से शरीर निरोगी और स्वस्थ हो जाता है। 'सूर्य नमस्कार' स्त्री, पुरुष, बाल, युवा तथा वृद्धों के लिए भी उपयोगी बताया गया है। आईये जाने सूर्य-नमस्कार से होने वाले फायदे -

Benefits of Surya-Namaskar :


1.शारीरिक और मानसिक हेल्थ में लाभकारी

सूर्य-नमस्कार से शरीर की जकड़ी मांशपेशियां खुल जाती हैं ,इसके साथ ही इस योगासन से वजन कम करने में भी काफी मदद मिलती है। सूर्य-नमस्कार के अंतर्गत एक एक योगासनों से शरीर में ऊर्जा का संचार होता है ,यही नहीं बल्कि कई प्रयोगों से ये साबित हुआ है कि रोज़ाना सूर्य-नमस्कार करने वाले लोग मानसिक रूप से अधिक खुश और अच्छा महसूस करते हैं।

2.बीपी और शुगर लेवल को कम या बैलेंस करने में मदगार

एक्सपर्ट्स के मुताबिक रोज़ाना सूर्य-नमस्कार से बीपी और शुगर के मरीजों को राहत मिलती है।इससे हाई बीपी वालों को मानसिक शान्ति तो मिलती ही है साथ ही ये योग बीपि लौ करने में भी मददगार है।इसी तरह शुगर के मरीजों में भी रोज़ाना सूर्य-नमस्कार बहुत फायदेमंद है।

3.महिलाओं में पीरियड्स अनियमितता को दूर करता है

रोज़ाना सूर्य-नमस्कार से बॉडी के टॉक्सिक पदार्थ तो बाहर जाते ही हैं साथ ही महिलाओं में पीरियड्स की अनियमितता की परेशानी को को भी सूर्य-नमस्कार के जरिये दूर किया जा सकता है। सूर्य-नमस्कार से बॉडी में खिचाव पैदा होता है जो महिलाओं के उदर भाग को स्ट्रेच करता है जिससे पीरियड्स रिलेटेड प्रॉब्लम सॉल्व हो जाती है।

4.कब्ज़ से छुटकारा और पाचनक्रिया को बेहतर बनता है

रोज़ाना सुबह सूर्य-नमस्कार करने से शरीर में मौजूद जितने भी टॉक्सिक पदार्थ मौजूद होते हैं वो शरीर से बाहर हो जाते हैं। यदि किसी को बहुत दिनों से कब्ज़ की शिकायत है तो उसे सूर्य-नमस्कार करना चाहिए।सूर्य-नमस्कार से पाचनक्रिया ठीक रहती है और खाना समय से पचने की वजह से अपच की समस्या दूर होती है। 

5.मणिपुर चक्र को सक्रीय करने में मदद करता है

योग साधना में तीसरा चक्र को मणिपुर चक्र कहते हैं। यह चक्र नाभि के पीछे स्थित होता है। रोज़ाना सूर्य-नमस्कार करने से मणिपुर चक्र सक्रीय हो जाता है ,जिससे किडनी की समस्याएं दूर होती हैं। शरीर स्वस्थ और ऊर्जावान बनता है।

 

 


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