Foods For Healthy Uterus: यूट्रस को हेल्दी बनाते हैं यह फूड्स

यूट्रस की हेल्थ को बरकरार रखने के लिए आपको अपनी डाइट में ऐसे फूड्स का इस्तेमाल जरूर करना चाहिए जो आपके यूट्रस हेल्थ के लिए फायदेमंद हो। पढे इस हैल्थ ब्लॉग में-

Monika Pundir
23 Nov 2022
Foods For Healthy Uterus: यूट्रस को हेल्दी बनाते हैं यह फूड्स

Foods for uterus health

Foods For Healthy Uterus: यूट्रस को हेल्दी बनाने के लिए आपको हाइजीन मेनटेन करने के साथ-साथ अपने खानपान पर भी ध्यान देने की आवश्यकता होती है। यूट्रस की हेल्थ को बरकरार रखने के लिए आपको अपनी डाइट में ऐसे फूड्स का इस्तेमाल जरूर करना चाहिए जो आपके यूट्रस हेल्थ के लिए फायदेमंद हो। आइए जानते हैं ऐसे ही जरूरी फूड्स के बारे में 

1. डेयरी प्रोडक्ट होते हैं फायदेमंद

महिलाओं को अपनी डाइट में डेयरी प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करना चाहिए। डेयरी प्रोडक्ट में विटामिन डी और कैल्शियम की भरपूर मात्रा पाई जाती है। कैल्शियम हड्डियों को मजबूत करने के लिए जरूरी होता है साथ ही विटामिन डी के इस्तेमाल से यूट्रस फाइब्रोइड का खतरा कम होता है। इसके लिए आप दूध, दही, मक्खन आदि का सेवन करें। इसके अलावा आप नट्स जैसे बादाम, काजू भी खा सकते हैं।

2. ग्रीन टी रोजाना पिएं

ग्रीन टी रोजाना पीने से यूट्रस की हेल्थ अच्छी होती है। जिन महिलाओं को फाइब्रोइड्स की समस्या है उन्हें लगभग आठ हफ्तों तक ग्रीन टी पीनी चाहिए क्योंकि ग्रीन टी में मौजूद एंटी-ऑक्‍सीडेंट फाइब्रोइड्स की संख्या को कम करने में मदद करते हैं।

3. नींबू

नींबू का रेगुलर सेवन करने से यूट्रस हेल्थी बनता है। नींबू में विटामिन सी होता है जो शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने में मदद करता है। नींबू से यूट्रस में किसी प्रकार के बैक्टीरिया या इंफेकशन का खतरा कम होता है और यूटीआई जैसी समस्याएं नहीं होती हैं। इसलिए रोज सुबह गुनगुने पानी में नींबू मिलाकर पीने से यूट्रस हेल्दी रहता है।

4. ड्रायफ्रूट्स और सीड्स

ड्रायफ्रूट्स और सीड्स खाने से शरीर में हार्मोनस संतुलित रहते हैं और गुड कोलेस्‍ट्रॉल बढ़ता है। ड्रायफ्रूट्स और सीड्स में मौजूद ओमेगा-3 फैटी एसिड से कैंसर का खतरा कम होता है।

5. फाइबर से भरपूर फूड्स

फाइबर से भरपूर फूड्स से यूट्रीन फाइब्रोइड्स का खतरा कम होने के साथ साथ शरीर से टॉक्‍सिक तत्व बाहर निकलते हैं। फाइबर से भरपूर फूड्स खाने से यूट्रस हेल्थी होता है और अबॉर्शन का खतरा भी कम होता है।

6. कैस्टर ऑयल

कैस्टर ऑयल के इस्तेमाल से यूट्रीन फाइब्रोइड्स और ओवेरियन सिस्ट का खतरा कम होता है। यह रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करता है और इंफेक्शन के खतरे को कम करता है।

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