I'm Rajveer Kaur, a feminist advocating for human secularism, and I'm deeply passionate about Media & Journalism.
आजादी के बाद एक ऐसे डॉक्यूमेंट की जरूरत थी जिससे पूरे देश में एकरूपता आ सके। इसके लिए संविधान सभा का गठन किया गया ताकि देश के संविधान का ड्राफ्ट तैयार किया जा सके। इस सभा के 389 मेंबर थे जिनमें से 15 महिलाएं थीं।
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